ईआईएच लिमिटेड का वेलनेस होस्पिटैलिटी में कदम
ईआईएच लिमिटेड, जो ओबेरॉय ग्रुप की मूल कंपनी है, ने वेलनेस होस्पिटैलिटी क्षेत्र में प्रवेश कर लिया है। कंपनी ने भारतीय ग्रुप के साथ एक रणनीतिक साझेदारी की है। इस साझेदारी के तहत भारत और चुनिंदा अंतरराष्ट्रीय स्थलों पर 20 वेलनेस-केंद्रित अल्ट्रा-लक्जरी रिसॉर्ट विकसित किए जाएंगे। यह कदम ओबेरॉय ग्रुप के लिए एक महत्वपूर्ण विविधीकरण माना जा रहा है।
बढ़ता वेलनेस टूरिज्म बाजार
वैश्विक स्तर पर वेलनेस टूरिज्म तेजी से बढ़ रहा है। लोग अब यात्रा के दौरान स्वास्थ्य और मानसिक शांति को प्राथमिकता दे रहे हैं। ओबेरॉय ग्रुप इसी बढ़ते बाजार का लाभ उठाना चाहता है। कंपनी की योजना प्रबंधन-आधारित विस्तार के जरिए इस क्षेत्र में पैर जमाने की है। इस रणनीति से कंपनी को नए बाजारों में तेजी से विस्तार करने में मदद मिलेगी।
साझेदारी की मुख्य विशेषताएं
इस साझेदारी के तहत भारतीय ग्रुप वित्तीय निवेश और संपत्ति विकास में मदद करेगा। वहीं, ईआईएच लिमिटेड अपनी दुनियाभर में प्रसिद्ध आतिथ्य सेवाओं का उपयोग करेगा। रिसॉर्ट्स में योग, ध्यान, आयुर्वेद और समग्र स्वास्थ्य कार्यक्रमों पर विशेष जोर दिया जाएगा। ये रिसॉर्ट उन यात्रियों को ध्यान में रखकर डिजाइन किए जाएंगे जो विलासिता के साथ स्वास्थ्य लाभ चाहते हैं।
ओबेरॉय का नया भविष्य
ओबेरॉय ग्रुप की यह पहल आतिथ्य क्षेत्र में एक नया अध्याय साबित हो सकती है। कंपनी अब केवल पारंपरिक लक्जरी होटलों तक सीमित नहीं रहेगी। वेलनेस रिसॉर्ट्स के जरिए कंपनी एक नए ग्राहक वर्ग को आकर्षित करेगी। विशेषज्ञों का मानना है कि यह कदम आने वाले वर्षों में कंपनी के राजस्व में महत्वपूर्ण योगदान दे सकता है।
ओबेरॉय होटल्स की आधिकारिक वेबसाइट पर अधिक जानकारी उपलब्ध है। वहीं, वर्ल्ड ट्रैवल एंड टूरिज्म काउंसिल के अनुसार वेलनेस टूरिज्म में सालाना 15 प्रतिशत की वृद्धि हो रही है।
भविष्य की संभावनाएं
पहले चरण में रिसॉर्ट्स भारत के प्रमुख पर्यटन स्थलों पर विकसित किए जाएंगे। इसमें हिमालय की तलहटी, केरल और गोवा जैसे क्षेत्र शामिल हो सकते हैं। अंतरराष्ट्रीय स्तर पर बाली, मालदीव और श्रीलंका जैसे गंतव्यों पर फोकस रहेगा। यह विस्तार अगले पांच से सात वर्षों में पूरा होने की उम्मीद है। कंपनी का लक्ष्य प्रति रिसॉर्ट अल्ट्रा-प्रीमियम अनुभव प्रदान करना है। इस पहल से भारतीय होस्पिटैलिटी क्षेत्र को वैश्विक पहचान मिलेगी।











