थॉमस कुक इंडिया ने जारी की फॉरेक्स रिपोर्ट 2026
थॉमस कुक (इंडिया) लिमिटेड ने अपनी ‘इंडिया फॉरेक्स रिपोर्ट 2026’ लॉन्च की है। यह रिपोर्ट भारतीय यात्रियों के विदेशी मुद्रा खरीदने, ले जाने और खर्च करने के तरीकों पर केंद्रित है। इसमें अवकाश यात्रा, विदेशी शिक्षा और कॉर्पोरेट यात्रा के आंकड़े शामिल हैं। यह रिपोर्ट अप्रैल 2025 से मार्च 2026 के फॉरेक्स लेनदेन डेटा पर आधारित है। इसका मुख्य उद्देश्य उपभोक्ता व्यवहार में बदलाव को समझना है।
युवा यात्रियों का बढ़ता प्रभाव
रिपोर्ट में सबसे बड़ा बदलाव जेन-जेड और मिलेनियल यात्रियों की संख्या में वृद्धि है। युवा यात्री अब लग्जरी और अनुभव-आधारित यात्राओं को प्राथमिकता दे रहे हैं। वे डिजिटल भुगतान के साथ-साथ प्रीपेड फॉरेक्स कार्ड का उपयोग बढ़ा रहे हैं। थॉमस कुक इंडिया के आंकड़ों के अनुसार, नकदी की तुलना में डिजिटल माध्यमों से फॉरेक्स खरीदारी 40% तक बढ़ी है। लोकप्रिय गंतव्यों में थाईलैंड, दुबई और यूरोपीय देश शामिल हैं। युवा पीढ़ी यात्रा बुकिंग से पहले फॉरेक्स रेट्स की ऑनलाइन तुलना करती है।
विदेशी शिक्षा और कॉर्पोरेट यात्रा का रुझान
विदेशी शिक्षा के लिए फॉरेक्स खर्च में 25% की वृद्धि दर्ज की गई है। भारतीय छात्र अब यूएस, कनाडा और ऑस्ट्रेलिया के अलावा यूरोपीय विश्वविद्यालयों में भी रुचि दिखा रहे हैं। यह रिपोर्ट आरबीआई दिशानिर्देशों के अनुरूप फॉरेक्स नियमों को समझने में भी मदद करती है। कॉर्पोरेट क्षेत्र में, एमआईसीई यात्राएं (बैठकें, प्रोत्साहन, सम्मेलन) तेजी से बढ़ रही हैं। कंपनियां अपने कर्मचारियों के लिए थोक फॉरेक्स खरीदारी में पारदर्शिता चाहती हैं। बिजनेस यात्रा में प्रीमियम इकोनॉमी और बिजनेस क्लास का चलन बढ़ा है।
पर्यटन व्यय में एशिया का दबदबा
रिपोर्ट के अनुसार, एशियाई गंतव्यों में भारतीय पर्यटकों का खर्च सबसे अधिक है। जापान, वियतनाम और इंडोनेशिया नई पसंद के रूप में उभरे हैं। सप्ताहांत छुट्टियों और शॉर्ट-ब्रेक ट्रिप के लिए यात्री बजट यात्रा की योजना बनाते हैं। फॉरेक्स रिपोर्ट में साल-दर-साल बदलाव को रेखांकित किया गया है। विदेशी मुद्रा भंडार को लेकर यात्री अब अधिक जागरूक हैं। यह रुझान आगामी छुट्टियों के मौसम में और मजबूत हो सकता है। यात्रा उद्योग के लिए यह डेटा निवेश और विपणन रणनीति तैयार करने में सहायक होगा।
डिजिटल भुगतान और सुरक्षा की प्राथमिकता
थॉमस कुक की रिपोर्ट डिजिटल भुगतान सुरक्षा पर भी जोर देती है। यात्री अब इंश्योर्ड फॉरेक्स कार्ड और ऐप-आधारित सेवाओं को प्राथमिकता दे रहे हैं। भारत सरकार द्वारा प्रचारित डिजिटल भुगतान इकोसिस्टम से यह बदलाव स्पष्ट है। रिपोर्ट में बताया गया है कि मोबाइल वॉलेट और यूपीआई जैसे विकल्प अंतरराष्ट्रीय लेनदेन में भी लोकप्रिय हो रहे हैं। भविष्य में फॉरेक्स बाजार में एआई-आधारित दर पूर्वानुमान जैसी सुविधाएं आ सकती हैं। यह रिपोर्ट उद्योग की नींव को मजबूत करती है। इससे भारतीय पर्यटन क्षेत्र को वैश्विक स्तर पर प्रतिस्पर्धी बने रहने में मदद मिलेगी।











