नई दिल्ली: देश के एविएशन सेक्टर के लिए जुलाई 2026 के यात्री ट्रैफिक आंकड़े कुछ चिंता बढ़ाने वाले रहे। Airports Authority of India (AAI) के आंकड़ों के अनुसार, जुलाई में देशभर के एयरपोर्ट्स पर घरेलू और अंतरराष्ट्रीय यात्री यातायात में पिछले साल की समान अवधि के मुकाबले करीब 4.7 प्रतिशत की गिरावट दर्ज की गई।
जुलाई 2026 में घरेलू हवाई यात्रा करने वाले यात्रियों की संख्या करीब 2.43 करोड़ रही, जबकि जुलाई 2025 में यह आंकड़ा लगभग 2.55 करोड़ था। वहीं अंतरराष्ट्रीय यात्रियों की संख्या करीब 63.3 लाख रही, जो पिछले साल के 66.3 लाख से कम है।
देश के प्रमुख एयरपोर्ट्स में दिल्ली ने बेहतर प्रदर्शन किया। जुलाई में दिल्ली एयरपोर्ट के यात्रियों की संख्या में करीब 3.5 प्रतिशत की बढ़ोतरी दर्ज की गई। इसके विपरीत मुंबई, चेन्नई और हैदराबाद जैसे प्रमुख एयरपोर्ट्स पर यात्री संख्या में गिरावट देखने को मिली।
घरेलू बाजार में भी जुलाई के दौरान दबाव नजर आया। DGCA के अनुसार घरेलू एयर पैसेंजर ट्रैफिक सालाना आधार पर 4.8 प्रतिशत घटकर करीब 1.20 करोड़ रहा। हालांकि जनवरी से जुलाई 2026 के दौरान घरेलू यात्रियों की कुल संख्या पिछले साल की समान अवधि से मामूली रूप से अधिक रही।
विशेषज्ञों के अनुसार, हवाई यातायात में गिरावट के पीछे क्षमता में कमी, परिचालन संबंधी चुनौतियां, अंतरराष्ट्रीय एयरस्पेस में व्यवधान और कमजोर मांग जैसे कारणों का असर रहा है। ICRA ने भी जुलाई में घरेलू एयर पैसेंजर ट्रैफिक में 4.8 प्रतिशत की सालाना गिरावट दर्ज की है।
एविएशन इंडस्ट्री की नजर अब आने वाले महीनों के त्योहारी और विंटर ट्रैवल सीजन पर है। मांग में सुधार और नए रूट शुरू होने से यात्री ट्रैफिक में दोबारा तेजी आने की उम्मीद की जा रही है।











